Q1. अनुवाद और रूपांतरण में प्रत्यलिप्यधिकार अधिनियम की भूमिका को स्पष्ट कीजिए। Elucidate the role of copyright act on Translation & Adaptation.
- मूल कृति का अनुवाद या रूपांतरण करने का अनन्य अधिकार मूल कॉपीराइट धारक के पास होता है।
- अनुवाद और रूपांतरण दोनों को 'व्युत्पन्न कार्य' माना जाता है, जिसके लिए पूर्व अनुमति अनिवार्य है।
- अनुमति के बिना अनुवाद या रूपांतरण करना प्रत्यलिप्यधिकार का उल्लंघन माना जाता है।
- अनुमति मिलने पर, अनुवादक/रूपांतरणकर्ता को अपने नए, रचनात्मक योगदान पर नया कॉपीराइट मिलता है।
Answer: अनुवाद (Translation) और रूपांतरण (Adaptation) दोनों ही किसी मूल कृति (original work) पर आधारित रचनात्मक कार्य हैं। प्रत्यलिप्यधिकार अधिनियम (Copyright Act) इन मूल कृतियों के निर्माताओं के अधिकारों की रक्षा करता है और साथ ही अनुवादकों एवं रूपांतरणकर्ताओं के नए रचनात्मक योगदान को भी मान्यता देता है। यह अधिनियम सुनिश्चित करता है कि मूल रचनाकार के बौद्धिक संपदा अधिकारों का उल्लंघन न हो। प्रत्यलिप्यधिकार अधिनियम, विशेष रूप से भारत में, किसी साहित्यिक, नाट्य, संगीत या कलात्मक कार्य के लेखक को विशिष्ट...